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Air India खरीदने जा रही 500 नए जेट, 100 बिलियन डॉलर में हो सकती है डील

Air India is going to buy 500 new jets, deal can be done for 100 billion dollars
 
Air India खरीदने जा रही 500 नए जेट, 100 बिलियन डॉलर में हो सकती है डील


Air India Buy 500 New Jets : कोरोना महामारी के बाद एयरलाइन इंडस्ट्री में रिकवरी होनी शुरू हो गई है. एयर इंडिया नेलगभग 500 जेट विमानों केऑर्डर देने की तैयारी पूरी कर ली है. Air Lease Corp के कार्यकारी अध्यक्ष स्टीवन उदवार-हाजी ने कहा है कि इस रिकवरी के परिणामस्वरूप, एयरलाइनों से बड़े ऑर्डर मिल रहे हैं. जिनमें A320neos,A321neos और (बोइंग) 737 मैक्स, 100 वाइड-बॉडी,बोइंग) 787, 777X जैसे विमान शामिल हैं.हालांकि अभी तक एयर इंडिया की तरफ से अब तक इस मुद्दे पर कोई जवाब नहीं दिया गया है.


रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह डील सिंगल एयरलाइन की सबसे बड़ी डील्स में से एक हो सकती है. डील में कुल 100 बिलियन डॉलर तक के खर्च की उम्मीद है. यह एक दशक से भी पहले के 460 एयरबस और बोइंग जेट के लिए अमेरिकन एयरलाइंस के ऑर्डर को भी पीछे छोड़ सकती है. हालांकि, माना जा रहा है कि टाटा समूह बिना डिस्काउंट के इस डील को फाइलन नहीं करेगा, फिर भी यह सौदा अरबों डॉलर का होगा.

अतिरिक्त सेवाएं शुरू करेगी एयर इंडिया
बता दें कि प्रस्तावित सौदे को अंतिम रूप देना विमान निर्माताओं के साथ चल रही बातचीत पर निर्भर करता है. यूनाइटेड एयरलाइंस ने हाल ही में 200 बड़े और छोटे विमानों का ऑर्डर इसी कंपनी को दिया था. चीन ने भी पिछले साल एयरबस जेट के लिए ऑर्डर दिया था. हाल ही में एयर इंडिया की तरफ से जारी एक बयान में कहा गया था कि कंपनी मार्च से लंदन गैटविक हवाई अड्डे के लिए 12 साप्ताहिक उड़ानें और लंदन हीथ्रो हवाई अड्डे के लिए अतिरिक्त सेवाएं शुरू करेगी.

बता दें कि दिसबंर महीने में मीडिया रिपोर्ट्स में इस बात का दावा किया गया था कि टाटा ग्रुप के स्वामित्व वाली एयर इंडिया अपने बेड़े में 500 विमानों को शामिल करने का ऑर्डर फाइनल करने के करीब है. कई एयरलाइंस बड़े ऑर्डर देंगी और फिर से इनमें से ज्यादातर ऑर्डर रिप्लेसमेंट के लिए होंगे.


ग्लोबल सस्टेनेबिलिटी पॉलिसी एंड पार्टनरशिप्स के लिए बोइंग के वाइस प्रेसिडेंट ब्रायन ने पिछले हफ्ते कहा था कि कंपनी 2030 तक 100 प्रतिशत सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल पर उड़ान भरने में सक्षम व्यावसायिक हवाई जहाज देने को लेकर आश्वस्त है. उन्होंने कहा कि बोइंग ने पिछले साल कहा था उसके वाणिज्यिक हवाई जहाज 2030 तक 100 प्रतिशत स्थायी विमानन ईंधन पर उड़ान भरने में सक्षम और प्रमाणित होंगे,.