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आखिर कैसे एक पुलिस कांस्टेबल का बेटा बना अंडरवर्ल्ड डॉन, जानिए दाऊद की डोंगरी टू दुबई की कहानी…

 
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नई दिल्ली Know the story of Dawood Ibrahim: 90 के दशक में मुंबई में हुए सीरियल बम ब्लास्ट के बाद दाऊद अपने दो भाई अनीस इब्राहिम और नूरा इब्राहिम के साथ दुबई भाग गया था।

भारत के मोस्ट वॉन्टेड आतंकी दाउद इब्राहिम को जहर देने की खबर जैसे ही सोशल मीडिया पर वायरल हुई भारत के लोगों में 1992 के मुंबई बम ब्लास्ट से लेकर 26/11 तक की यादें ताजा हो गई। सूत्रों के मुताबिक भारत का दुश्मन नंबर 1 दाऊद पाकिस्तान के कराची में अंतिम सांसें गिन रहा है। सोशल मीडिया पर तो उसके मरने का भी दावा किया जा रहा है। बता दें कि दाऊद पिछले 30 साल से पाकिस्तान में छिपकर बैठा है। वह कराची में बैठकर ही दुनियाभर में अपना गैरकानूनी कारोबार चला रहा है। इस बात की पुष्टि कई बार भारतीय जांच एजेंसियों ने की है। लेकिन पाकिस्तान इस बात को मानने को तैयार ही नहीं होता है कि अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम उसके यहां है। आइए जानते है कि कैसे एक पुलिस कांस्टेबल का बेटा बना अंडरवर्ल्ड डॉन …

कौन है दाऊद?

भारत के दुश्मन नंबर 1 अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम कासकर का जन्म दिसंबर 1955 में महाराष्ट्र के रत्नागिरी जिले में पुलिस कांस्टेबल इब्राहिम कासकर के घर हुआ था। दाऊद के जन्म के बाद दाऊद के पिता अपने परिवार को लेकर मुंबई के डोंगरी इलाके में बस गए। डोंगरी में ही दाऊद पला बढ़ा। जल्द अमीर बनने का सपना देखने वाला दाऊद पैसे की लालच में 70 के दशक में हाजी मस्तान गैंग में काम करने लगा। इस दौरान वह तेजी से आगे बढ़ा और धीरे-धीरे डोंगरी सहित पूरे मुंबई में उसका प्रभाव बढ़ने लगा।

एक वक्त के बाद हाजी मस्तान गैंग से झगड़े के बाद उसने अपना खुद का गैंग बनाया और उसके गैंग को लोग डी-कंपनी कहने लगे। इसके बाद 90 के दशक में मुंबई में हुए सीरियल ब्लास्ट का मास्टर माइंड वही था। धमाकों को अंजाम देने के बाद वो भारत छोड़कर दुबई भाग गया था। उसके बाद उसने पाकिस्तान में अपना नया ठिकाना बनाया। अब वो अपने परिवार के साथ वहीं रहता है।

मुंबई बम ब्लास्ट के बाद दुबई भाग गया था दाऊद

मुंबई में सीरियल बम ब्लास्ट के बाद दाऊद अपने दो भाई अनीस इब्राहिम और नूरा इब्राहिम के साथ दुबई भाग गया। साल 2007 में नूरा की करांची बम ब्लास्ट में मौत हो गई थी। दूसरा भाई अनीस दाऊद के साथ रहता है। तीसरा भाई इकबाल परिवार के साथ मुंबई में ही रहता है। दो बहनें हसीना पार्कर और सईदा मुंबई में रहती थीं। हालांकि, अब दोनों की मौत हो गई है। फरजाना तुंगेकर का भी निधन हो गया है।