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झूठ पर टिकी है हरियाणा गठबंधन सरकार, जनता भी अब इसे कहने लगी है जुमलेबाज सरकार: कुमारी सरकार

राहुल गांधी बर्फभारी, बारिश, सर्दी, गर्मी, आंधी की परवाह किए बिना नफरत के बाजार में खोल रहे है मोहब्बत की दुकान  

 
झूठ पर टिकी है हरियाणा गठबंधन सरकार, जनता भी अब इसे कहने लगी है जुमलेबाज सरकार: कुमारी सरकार
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सिरसा। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री, हरियाणा कांग्रेस की पूर्व प्रदेशाध्यक्ष एवं उत्तराखंड की प्रभारी कुमारी सैलजा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी भगवान श्रीराम के नाम पर महंगाई, बेरोजगारी, कृषि जैसे गंभीर मुद्दों पर ध्यान भटका रही है। भाजपा को भगवान श्रीराम का राजनीतिकरण नहीं करना चाहिए। भगवान श्रीराम लोगों के दिलों में पहले भी वास करते थे और आज भी करते हैं। इस मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी एवं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से रामभक्तों को प्रमाणपत्र की आवश्यकता नहीं है। साथ ही उन्होंने कहा कि यह गठबंधन सरकार झूठ पर टिकी है और प्रदेश की जनता  अब इस सरकार को जुमलेबाज सरकार कहने लगी है।

झूठ पर टिकी है हरियाणा गठबंधन सरकार, जनता भी अब इसे कहने लगी है जुमलेबाज सरकार: कुमारी सरकार

वे शनिवार को सिरसा की अनाजमंडी में वरिष्ठ कांग्रेस नेता वीरभान मेहता के संयोजन में हुई कांग्रेस संदेश रैली को संबोधित कर रही थी। रैली में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं राज्यसभा के सदस्य रणदीप सिंह सुरजेवाला, कालका के विधायक प्रदीप चौधरी, साढ़ौरा की विधायक रेणू बाला, असंध के विधायक शमशेर गोगी, हरियाणा प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष रामकिशन गुज्जर भी पहुंचे। अपने क्षेत्र में किसी बैठक में व्यस्त होने के चलते रैली में तोशाम की विधायक किरण चौधरी शिरकत नहीं कर सकी। रैली में पहुंचने पर वीरभान मेहता एवं राजन मेहता ने कुमारी सैलजा एवं रणदीप सुरजेवाला का स्वागत किया। वीरभान मेहता ने उन्हें पगड़ी पहनाई एवं शक्ति की प्रतीक गदा भेंट की। वीरभान मेहता व राजन मेहता ने कुमारी सैलजा, रणदीप सिंह सुरजेवाला व अन्य नेताओं को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व सांसद चरणजीत सिंह रोड़ी, विधायक रेणुबाला, पूर्व विधायक बलवान सिंह दौलतपुरिया, संदीप नेहरा, नवीन केडिया, लादूराम पूनिया, पवन बेनीवाल, पूर्व मंत्री अतर सिंह सैनी, सुरेंद्र बंसल, लाल बहादुर खोवाल, जग्गा सिंह बराड़,गोपीराम चाडीवाल, राजेश चाडीवाल, ज्ञानी करनैल सिंह, रतन गेदर, ओम डाबर, जस्सा सिंह, हरीश अनेजा, देव मेहला, मदनलाल, कृष्ण नंबरदार, वीरेंद्र गोल्डी, तपन सोनी, विकास सुखीजा, सोनू कंबोज, शुभम सेतिया, अमृत कामरेड, सुरेंद्र कुमार, जगपाल  संतोष बैनीवाल,  दीपू मेहता, मंगलराम लालवास, वरुण मेहता सन्नी, विनीत कंबोज, ओम डाबर,  दलीप नेजिया, वीरेंद्र गोल्डी, करण बत्तरा, केशव गोयल, सतपाल मेहता, तेजभान पटवारी, अनिल खोड, करनैल सिंह सहित अनेक लोग मौजूद थे।

 उन्होंने कहा कि सिरसा के लोगों के स्नेह से वे अभिभूत हैं। यहां के लोगों से उनका पीढिय़ों का रिश्ता है। दादा-पिता के जमाने से लोग उनके परिवार से जुड़े हुए हैं। जब उन्होंने सिरसा से 1988 में पहला चुनाव लड़ा तो उन्हें तो भाषण देना भी नहीं आता था। कुमारी सैलजा ने कहा कि वे आज सियासत में जिस मुकाम पर पहुंची हैं, उसकी नींव सिरसा की आवाम ने ही रखी थी। उन्होंने कहा कि वे, रणदीप सिंह सुर्जेवाला और किरण चौधरी सहित अन्य कांग्रेस नेताओं ने राहुल गांधी की तरह देश को जोडऩे के मकसद से संदेश यात्रा शुरू की थी। राहुल गांधी भारत जोड़ो यात्रा के जरिए बर्फभारी, बारिश, सर्दी, गर्मी, आंधी की परवाह किए बगैर नफरत के बाजार में मोहब्बत की दुकान खोल रहे हैं। कुमारी सैलजा ने कहा कि आज महंगाई की मार झेल रही महिलाओं, बेरोजगारी के जंजाल में फंसे युवाओं, अपने अधिकारों को लेकर लड़ाई लड़ रहे सरपंचों, पटवारियों, क्लर्कों, किसानों व मजदूरों को न्याय की जरूरत है। कुमारी सैलजा ने भारतीय जनता पार्टी को बहुत झूठी पार्टी एवं भारतीय जुमलेबाज पार्टी की संज्ञा देते हुए कहा कि 2014 से पहले उन्होंने देश में जुमला शब्द नहीं सुना था। भाजपा के लोग जुमलेबाज शब्द लेकर आए।  

कुमारी सैलजा ने आंकड़ों औा तथ्यों के जरिए सरकार पर बोला हमला  

उन्होंने कहा कि सिरसा की जनता से सरकार शुरू से धोखा और विश्वासघात करती आ रही है। सिरसा के युवा रोजगार के लिए भटक रहा है, पंजाब और राजस्थान से सटा यह जिला आज नशीले पदार्थो के शुष्क बंदरगाह के रूप में जाना जाने लगा है, युवा नशे की चपेट में आ रहा है, नशे से सैकडों युवाओं की मौत हो चुकी है, बदनामी के डर से सरकार आंकडों को छुपाती है। सरकार न तो युवाओं को रोजगार दिला पाई और न ही जिला को नशा मुक्त करपाई। उन्होंने कहा कि सिरसा के लिए प्रदेश और केंद्र की सरकार ने केवल घोषणाएं ही की है, कोई घोषणा पूरी नहीं की इसलिए इन सरकारों को जुमलेबाज सरकार कहा जाने लगा है। 11 जनवरी 2017 को गुरूग्राम में आयोजित एक सम्मेलन में तत्कालीन कपड़ा मंत्री स्मृति इरानी ने पानीपत में कारपेट और सिरसा में हाजिरी कलस्टर बनाने की घोषणा की थी पर घोषणा मात्र घोषणा ही रह गई। सिरसा में 2018 में मेडिकल कालेज बनाने की घोषणा की गई, नवंबर 2022 में कुरूक्षेत्र में आयोजित एक कार्यक्रम में राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु से इस मेडिकल कालेज का शिलान्यास तक करवा लिया गया पर धरातल पर भूमि पर एक बोर्ड जरूर लगा है, मेडिकल कालेज को लेकर नेताओं के बीच बयानबाजी जारी है। मेडिकल कालेज कब बनेगा ये तो सरकार ही जाने, बनाना है या घोषणाओं में जिंदा रखना है।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2015 में घोषणा की गई थी कि  अनाजमंडी, सब्जीमंडी, लक्कडमंडी और डेयरियों को शहर से बाहर स्थानातंरित किया जाएगा, कभी कहा गया कि जमीन देख ली है, जल्द काम शुरू होगा पर आज तक  अनाजमंडी, सब्जीमंडी, लक्कडमंडी और डेयरियां शहर में ही है। वर्ष 2015 में सरकार ने घोषणा की थी कि पुरानी डीसी कोठी, नहर कालोनी वाली भूमि पर मल्टीपरपज मार्केट और मल्टीस्टोरी पार्किंग बनाई जाएगी पर यह भी मात्र घोषणा बनकर ही रह गई। सरकार केवल घोषणाएं ही करती है इसके सिवाय सरकार ने कुछ नहीं किया।  वर्ष 2015 में सरकार ने सिरसा नगर में दूसरा ओवरब्रिज बनाने की घोषणा की थी, पहले घोषणा सर्वे में उलझकर रह गई फिर कहा गया कि इसके लिए 25 करोड़ का बजट जारी किया गया है पर आज तक इस ओर कोई कदम नहीं उठाया गया है। सरकार ने वर्ष 2018 में नगर में साऊथ बाइपास बनाने की घोषणा की थी और 10 करोड़ का बजट भी जारी करने का दावा किया था पर यह घोषणा भी   केवल घोषणा ही साबित हुई, सरकार की अन्य घोषणाओं की तरह यह घोषणा भी पानी पी गई।  .सरकार ने नगर परिषद सिरसा का अपना  कार्यालय बनाने की घोषणा की थी और 10 करोड़ का बजट भी जारी किया था पर कुछ नहीं हुआ, नगर परिषद अपने कार्यालय के लिए पिछले 40 सालों से भटक रही है पर अपना कार्यालय नहीं बना पाई। सरकार ने नगर के बरसाती पानी की निकासी के लिए 08 करोड़ की योजना तैयार की थी जिसका बजट बाद में 38 करोड़ तक बढ़ गया, आज तक कोई क नेक्शन नहीं हुआ। सरकार की उदासीनता के चलते यह योजना अभी तक पूरी नहंी हो पाई है, बरसात होने पर सिरसा नगर में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो जाते हैं।

सिरसा के लोगों ने विषम परिस्थितियों में भी कांग्रेस का झंडा बुलंद रखा:रणदीप सुरजेवाला

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव रणदीप सिंह सुर्जेवाला ने सिरसा को बहादुरों की धरती बताते हुए राजन मेहता को अपने छोटे भाई और अजीत की संज्ञा दी। उन्होंने कहा कि सिरसा के लोगों ने विषम परिस्थितियों में भी कांग्रेस का झंडा बुलंद रखा। उन्होंने कहा कि कन्याकुमारी से लेकर श्रीनगर तक राहुल गांधी ने भारत जोड़ो यात्रा निकाली। राहुल गांधी देश की जनता की फिक्र करते हैं। सुर्जेवाला ने कहा कि आज किसान उत्पीडऩ और मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर की अनदेखी का शिकार है। पिछले चुनावों के समय दुष्यंत चौटाला ने मनोहर लाल खट्टर को यमुना पार भेजने का नारा दिया और खट्टर ने पूरे परिवार को हथकड़ी लगाने का दावा किया। जनता ने भाजपा को जनमत नहीं दिया बल्कि नकार दिया और भाजपा-जजपा की यह सरकार गैर संवैधानिक है। इस सरकार ने किसानों पर तरह-तरह के टैक्स लगा दिए हैं। खाद पर 5 प्रतिशत, ट्रैक्टर पर 12 फीसदी एवं कीटनाशक पर 18 फीसदी जी.एस.टी. लगा दिया है। किसानों ने अपने हकों को लेकर आंदोलन चलाया और 700 किसान शहीद हो गए।

रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि उन्होंने संसद के पटल पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से किसान, पिछड़ा वर्ग,  दलित, वंचितों को कर्ज देने के बारे में सवाल किया तो वित्त मंत्री ने जवाब दिया कि सरकार के पास कोई पैसा नहीं है। उन्होंने कहा कि क्या हरियाणा के युवा लायक और काबिल नहीं है जो उन्हें रोजगार नहीं मिल रहा है। यहां का युवा इजरायल जाने को मजबूर है। अकेले सिरसा में 500 आईलेट्स सेंटर खुल गए हैं। इस सरकार में पटवारी, चपड़ासी, एक्साइज इंस्पेक्टर, कृषि निरीक्षक से लेकर एच.सी.एस. और जज के 27 पेपपर लीक हो गए हैं। सुरजेवाला ने एचपीएससी को हेरा-फेरी सर्विस कमिशन बताते हुए कहा कि नौकरियों इतनी धांधली होने के बावजूद एक भी आरोपी को सजा नहीं हुई।  उन्होंने कहा कि 23 दिसंबर को हरियाणा विधानसभा में मुख्यमंत्री ने 1 लाख 6 हजार नौकरियां देने का वादा किया। दो दिन पहले सारी हद पार करते हुए 30 लाख नौजवानों को नौकरी देने का जुमला फैंक दिया। उन्होंने कहा कि वे मुख्यमंत्री पर संविधान का उल्लंघन करने का इल्जाम लगाते हैं। संविधान दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री ने नौकरियों के लिए न्यायालय का दरवाजा खटखटाने वाले को गैंग की संज्ञा दे डाली। वे मुख्यमंत्री से पूछना चाहते हैं कि क्या अपने हक के लिए जनता को अदालत जाने का अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा कि आज महिलाएं महंगाई की मार झेल रही हैं। 400 का गैस सिलेंडर आज 1150 रुपए का हो गया है। 60 रुपए किलोग्राम वाली दाल के दाम 150 को पार कर गए हैं।